khomenai varis

अपने पीछे कितनी संपत्ति छोड़ गए खामेनेई, अब कौन होगा इसका वारिस?..

Blog

ईरानी मीडिया ने सुप्रीम लीडर खामेनेई की मौत की पुष्टी कर दी है. ऐसे में सबसे बड़ा सवाल उनके वारिस का खड़ा हो गया है. साथ ही उस संपत्ति का भी, जिसे वो अपने पीछे छोड़ गए हैं. माना जा रहा है कि खामेनेई के पास 200 अरब डॉलर तक की दौलत थी. ऐसे में आप समझ सकते हैं कि वो दुनिया के सबसे अमीर राष्ट्राध्यों में एक थे. आइए इस बारे में विस्तार से चर्चा करते हैं.

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजरायल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू के बाद ईरानी मीडिया ने भी इस बात की पुष्टी कर दी है कि ईरान का सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई की मौत हो गई है. इस खबर के बाद पूरे ईरान में मातम का माहौल पसर गया है. वैसे अमेरिका और इजराइल की ओर से ईरान पर हमले जारी हैं. वैसे क्या आपको पता है कि ईरान के सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई अपने पीछे कितनी दौलत छोड़ गए हैं? खामेनेई के बाद उनका वारिस कौन होगा? आइए इसे जानने और समझने की कोशिश करते हैं.

अली खामेनेई ने तीस साल से ज़्यादा समय तक इस्लामिक रिपब्लिक पर बेजोड़ अधिकार का इस्तेमाल किया है. BBN टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार उनकी पर्सनल दौलत अभी भी पब्लिकली अनवेरिफाइड है, फिर भी माना जाता है कि वे सेताद (इमाम के ऑर्डर को लागू करने का हेडक्वार्टर) जैसे ऑर्गनाइज़ेशन के जरिए 95 बिलियन अरब डॉलर से 200 बिलियन डॉलर के बीच के एक बड़े फाइनेंशियल एम्पायर को मैनेज करते थे, जो जब्त की गई प्रॉपर्टी, इन्वेस्टमेंट और स्टेट से जुड़ी एसेट्स पर बना है.

ऑफिशियली ग्रैंड अयातुल्ला सैय्यद अली हुसैनी खामेनेई के तौर पर पहचाने जाने वाले, वे अजरबैजानी और फारसी एथनिक बैकग्राउंड को एक पक्के आइडियोलॉजिकल नजरिए के साथ मिलाते थे. BBN टाइम्स के मुताबिक, 1989 से ईरान के सबसे लंबे समय तक सुप्रीम लीडर रहने वाले के तौर पर, उनकी लीडरशिप ईरान-इराक वॉर के बाद, न्यूक्लियर एडवांसमेंट, प्रॉक्सी वॉर और चल रहे घरेलू उथल-पुथल तक फैली हुई थी, और उन्होंने धार्मिक तानाशाही और प्रैक्टिकल स्ट्रेटेजी के कॉम्बिनेशन से देश को प्रभावित किया था.

वैसे खामेनेई की मौत के बाद उनके उत्तराधिकारी को लेकर कोई बयान सामने नहीं आया है, लेकिन कई नाम अनऑफिशियली सामने आए हैं. अमेरिकी थिंकटैंक काउंसिल ऑन फॉरेन रिलेशंस (CFR) ने हाल ही में अपने एक पूर्वानुमान में वारिस को लेकर कुछ संभावित नाम बताए थे. जिसमें अयातुल्ला अलीरेजा अराफी हैं, जो गार्डियन काउंसिल और एक्सपर्ट्स असेंबली दोनों के सदस्य हैं. वहीं होज्जत-उल-इस्लाम मोहसेन कोमी-खामेनेई के सबसे करीबी और सलाहकारों में में एक हैं. अयातुल्ला मोहसेन अराकी लंबे समय से असेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स के सदस्य हैं. अयातुल्ला गुलाम हुसैन मोहसेनी ईरान की ज्यूडिशियरी के हेड हैं. आयतुल्लाह हशेम हुसैनी बुशहरी का नाम भी काफी आगे देखने को मिल रहा है तो एक्सपर्ट्स असेंबली के मेंबर होने के साथ धार्मिक संस्थाओं में उनकी मौजूदगी है.

सितंबर में फोर्ब्स के मुताबिक, 2025 में ऑफिस लौटने के बाद, डोनाल्ड ट्रंप की नेट वर्थ बढ़कर 7.3 बिलियन डॉलर हो गई, जो 2024 में 3.9 बिलियन डॉलर थी. दिसंबर 2025 के बीच में, ट्रंप मीडिया एंड टेक्नोलॉजी ग्रुप ने TAE टेक्नोलॉजीज के साथ मर्जर के प्लान का खुलासा किया, जो न्यूक्लियर फ्यूजन टेक्नोलॉजी को आगे बढ़ाने पर फोकस करने वाली एक फर्म है. सेलिब्रिटी नेट वर्थ के मुताबिक, इजराइली पीएम नेतन्याहू की नेटवर्थ लगभग 13 मिलियन डॉलर है. उन्होंने तीन अलग-अलग मौकों पर देश के प्रधानमंत्री का पद संभाला है:

पहली बार 1996 से 1999 तक, और फिर 2009 से 2021 तक. खास बात यह है कि उन्हें नवंबर 2022 में फिर से चुना गया. अपने पहले दो कार्यकाल के बीच के समय में, उन्होंने एरियल शेरोन के तहत विदेश मंत्री और वित्त मंत्री के रूप में भूमिकाएं संभालने से पहले प्राइवेट सेक्टर में काम किया. देश और विदेश दोनों जगह काफी विवादों में रहने वाले नेतन्याहू पर 2019 में रिश्वत, धोखाधड़ी और विश्वासघात जैसे आरोप आरोप तय हुए. ऊपर बताए गए आंकड़ों से ऐसा लगता है कि खामेनेई वाकई ट्रंप और नेतन्याहू से ज़्यादा अमीर थे.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *