Fact Check : अली खामेनेई की इस वायरल तस्वीर के पीछे की सच्चाई क्या है?..

tasvir ka sach

ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खमाली की मौत के बाद सोशल मीडिया पर एक तस्वीर तेजी से वायरल हो रही है। इस तस्वीर में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खमानी को मलबे के नीचे दबा हुआ दिखाया गया है और आसपास कुछ बचाव कर्मी उन्हें निकालने की कोशिश कर रहे हैं।

इस तस्वीर को शेयर कर यह दावा किया जा रहा है कि यह तस्वीर असली है और खेमानी के मौत के बाद की है। लेकिन इस वायरल तस्वीर का असली सच क्या है? चलिए आपको बताते हैं। जब वायरल तस्वीर की हमारी टीम ने Google के सिंथ आईडी टूल से जांच की तो पता चला कि इस तस्वीर का अधिकांश हिस्सा या पूरी तस्वीर के एआई यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस टूल का उपयोग करके बनाई गई या एडिट की गई है।

अगर आप तस्वीर को ध्यान से देखेंगे तो इसमें कई ऐसी चीजें हैं जो वास्तविक नहीं लगती। उदाहरण के लिए एक बचाव कर्मी सीधा खाली के शरीर के ऊपर मलबे पर खड़ा दिखाई दे रहा है जो कि वास्तविक बचाव कार्य में सुरक्षा कारणों से कभी नहीं किया जाता। बचाव कार्य में कभी भी कोई रेस्क्यू वर्कर मलबे के उस हिस्से पर खड़ा नहीं होता जिसके ठीक नीचे कोई जीवित व्यक्ति फंसा हो।

यहां एक व्यक्ति सीधे खमानी के ऊपर खड़ा दिख रहा है जो कि इस तस्वीर को फर्जी दर्शाता है। इस तस्वीर में खमानी के चेहरे और हाथों की बनावट में कुछ अजीब धुंधलापन यानी ब्लरिंग और विसंगतियां है जो अक्सर एआई द्वारा बनाई गई तस्वीरों में देखी जाती है।

कई अंतरराष्ट्रीय समाचार संस्थानों और फैक्ट चेक वेबसाइट जैसे डॉन इंडिया टुडे ने भी अपनी जांच में इस तस्वीर को फर्जी और एआई जनरेटेड पाया है। फिलहाल यह जानकारी आपको कैसी लगी? नीचे कमेंट बॉक्स में लिखकर अपनी राय जरूर बताएं।

Post Comment

You May Have Missed